आयुष्मान भारत योजना में बड़ा बदलाव: अब पांच नहीं, सिर्फ 3 दिन बैक डेट से मिलेगा कैशलेस इलाज, बढ़ी मरीजों की परेशानी
• devendra kumar
Ayushman Bharat Yojana: आयुष्मान भारत योजना के तहत सरकारी व निजी अस्पतालों में चल रहे कैशलेस इलाज में बैक डेट की अवधि घटा दी गई है। इससे जरूरतमंद मरीजों की परेशानी बढ़ गई है। दरअसल पहले मरीजों का 5 दिन बैक डेट से इलाज हो जाता था। अब इसे घटाकर तीन दिन कर दिया गया है। इससे दूरदराज व इमरजेंसी में अस्पताल आने वाले मरीजों की परेशानी बढ़ गई है। कई निजी अस्पतालों में विवाद की स्थिति भी बन रही है।
केंद्र सरकार ने पिछले साल आयुष्मान भारत योजना से इलाज के नियमों में बड़ा बदलाव किया था। दरअसल सरकारी व निजी अस्पताल प्रबंधन भी कार्ड लाने की प्रत्याशा में मरीजों का फ्री इलाज शुरू कर देता है। पहले मरीज के भर्ती होने के 120 घंटे बाद भी मरीज का आयुष्मान में पंजीयन हो जाता था। अब इसके लिए केवल 72 घंटे मिल रहा है, जिससे विवाद होने लगा है।
हालांकि कई अस्पतालों में आधार नंबर के आधार पर इलाज शुरू किया जा रहा है, लेकिन कुछ अस्पताल कार्ड लाने की डिमांड कर रहे हैं। प्रदेश के 1026 सरकारी व 553 निजी अस्पतालों में आयुष्मान यानी शहीद वीर नारायण सिंह स्वास्थ्य योजना के तहत बीपीएल परिवारों का 5 लाख तक व एपीएल परिवार का सालाना 50 हजार रुपए तक फ्री इलाज किया जा रहा है। 95 फीसदी से ज्यादा कार्डधारी अस्पतालों में फ्री इलाज करवा रहे हैं। यही कारण है कि नियमों में जरा से बदलाव से अच्छे खासे मरीज प्रभावित होते हैं।